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  • संक्रमण काल में रिपोर्ट पॉजिटिव हो अन्यथा रोग का कोई लक्षण दिखे तो खुद को आइसोलेट करना जरूरी

    2021-05-12

     

    किशनगंज , 12 मई: जिले में कोरोना संक्रमण के मामले बढ़ रहे हैं। आज भी जिले में कुल 161 व्यक्ति संक्रमित पाए गये हैं। राहत की बात है कि अधिकांश मरीजों में रोग संबंधी कोई खास लक्षण नहीं दिखते हैं। यही कारण है कि जिले में कुल संक्रमित 1359 व्यक्तियों में 1291 मरीज यानि  फिलहाल 97 फीसदी एक्टिव मरीज होम आइसोलेशन में इलाजरत हैं। ऐसे मरीज अपने घर पर रहते हुए आसानी से ठीक भी हो रहे हैं। ऐसे में रिपोर्ट पॉजिटिव हो अन्यथा रोग संबंधी किसी तरह का कोई लक्षण दिखने पर होम आइसोलेशन को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। महामारी के दौर में हमें कुछ खास बातों का ध्यान रखना जरूरी है। 
     
    -रोग के लक्षणों को गंभीरता से लेना जरूरी: सिविल सर्जन 
    सिविल सर्जन डॉ श्री नंदन के मुताबिक सबसे पहले रोग के लक्षणों को गंभीरता से लेना जरूरी है। सूखी खांसी, गला सूखना, बुखार, जुकाम कोरोना संक्रमण के शुरुआती लक्षण हैं। कई मरीजों में सूंघने व स्वाद महसूस करने की शक्ति कम या पूरी तरह खत्म हो जाती है। सरदर्द व बदन दर्द के साथ काफी थकान महसूस होने लगता है। इतना ही नहीं सांस लेने में तकलीफ, शरीर में ऑक्सीजन की कमी, सीने में दर्द व दबाव महसूस होना रोग के अन्य लक्षणों में शुमार हैं। डॉ एमपी गुप्ता कहते हैं। शुरुआती दौर में ही रोग की पहचान करते हुए विशेष सावधानी बरतना जरूरी है। वर्तमान समय में हम सभी को अपने स्वास्थ्य पर लगातार नजर बनाये रखना जरूरी है। 
     
    -संक्रमण रोग के लक्षण दिखें तो घबराये नहीं:
    कोरोना के अधिकांश मामलों में रोगी में रोग के कोई खास लक्षण नहीं दिखते। बावजूद इसके हमें अपने स्तर से सावधान रहने की जरूरत है। सिविल सर्जन डॉ श्री नंदन ने बताया अपनी सेहत पर तनिक भी संदेह होने पर सबसे पहले आप खुद को दूसरों से पूरी तरह अलग-थलग कर लें। संक्रमण के तेज प्रसार को रोकने के लिहाज से यह जरूरी है। प्राथमिकता के आधार पर अपनी जांच करायें। रिपोर्ट आने की प्रतीक्षा किये बगैर खुद को आइसोलेट कर लें। नहीं तो रिपोर्ट आने तक आप कई लोगों के बीच बीमारी बांट चुके होंगे। जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आने व होम आइसोलेशन रहने के दौरान आपको समय-समय पर शरीर का तापमान, ऑक्सीजन का स्तर नापते रहना होगा। चिकित्सकीय परामर्श से जरूरी दवाओं का सेवन नियमित रूप से करें। जरूरी चिकित्सकीय सलाह व किसी तरह की मदद के लिये आप जिला स्तरीय नियंत्रण कक्ष के टॉल फ्री नंबर 18003456621या 06456227222 पर संपर्क कर सकते हैं। आप जहां भी हो दूसरे व्यक्ति से कम से कम छह फीट की दूरी बनाये रखें। किसी से अपना खाने का बर्तन, कपड़ा, मोबाइल आदि का इस्तेमाल नहीं करने दें। अगर आपके कमरे में किसी और का रहना मजबूरी है। कमरा को पूरी तरह हवादार बनाये रखने का प्रयास करें। 
     
    -संक्रमण से उबरने के बावजूद होम क्वारेंटाइन से कब हों मुक्त: 
    रोग का लक्षण दिखने के दस दिन बाद आपके स्वस्थ होने की पूरी संभावना होती है। बशर्ते कि बीते तीन दिनों से आपको बुखार नहीं आया हो। बावजूद इसके अगले सात दिनों तक लोगों से पर्याप्त दूरी बनाये रखना जरूरी है। सिविल सर्जन ने कहा स्वास्थ्य में पर्याप्त सुधार आने के बावजूद आपको उचित खान-पान व नियमित रूप से व्यायाम  हर किसी के लिये लाभकारी है। इससे सांस लेने की क्षमता व शारीरिक ताकत में वृद्धि संभव है। संक्रमण से उबरने के बावजूद रोग संबंधी कुछ समस्या कुछ दिनों तक बनी रह सकती है। लेकिन इससे घबराने की जगह संतुलित दिनचर्या को अपना कर इन समस्याओं से आसानी से निजात पाया जा सकता है। 
     
    -जिले में उपलब्ध है सुबह के 11 बजे से रात के 11 बजे तक टेलीमेडिसिन सेवा 
    सिविल सर्जन डॉ श्री नंदन ने बताया टेलीमेडिसिन क्रियान्वयन के तहत हब एवं प्रणाली के रूप में कार्यरत होगा । जिसमें मरीज पहले टोल फ्री नंबर 18003456621 अथवा दूरभाष नंबर 06456227222 पर संपर्क स्थापित कर विशेषज्ञ चिकित्सक टेलीमेडिसिन के माध्यम से होम क्वारेंटिन मरीजों को सलाह देने के लिए उपलब्ध होंगे। सफल क्रियान्वयन को लेकर सुबह के 11 बजे से रात के 11 बजे तक कुल 19 चिकित्सक नियुक्त किये हैं। जिससे  सभी जिले वासी इसका लाभ उठा सकें  और संक्रमण काल में बेवजह बाहर निकलने से भी बचे रहें।
     
     
    - इन मानकों का करें पालन, कोविड-19 संक्रमण से रहें दूर रहें :-
    - मास्क का उपयोग और शारीरिक दूरी का पालन जारी रखें।
    - लक्षण महसूस होने पर कोविड-19 जाँच कराएं।
    - जरूरी नहीं हर सर्दी-खांसी कोरोना ही है, इसलिए, निर्भीक होकर सकारात्मक सोच के साथ कराएं जाँच।
    - अधिक जरूरी पड़ने पर ही घर से बाहर निकलें ।
    - घर में सकारात्मक माहौल बनाएं और रचनात्मकता कार्य करें। 
    - साफ-सफाई का विशेष ख्याल रखें और लगातार साबुन या अल्कोहल युक्त पदार्थों से हाथ धोएं।