Mumkin hai India

  • Gallery

    लखनऊ: 19 अप्रैल से चल रहे स्वास्थ्य शिविर "प्रेरणादायक व्याख्यान माला" का हुआ भव्य समापन।

    2021-05-09

    लखनऊ: राष्ट्रीय सेवा योजना प्रकोष्ठ, उच्च शिक्षा विभाग, उत्तर प्रदेश शासन, राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई , महर्षि सूचना प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, लखनऊ, राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय, क्षेत्रीय केंद्र, लखनऊ एवं मुख्यमंत्री जन कल्याणकारी प्र‌‌चार-प्रसार योजना (योग एवं चिकित्सा प्रकोष्ठ), उत्तर प्रदेश के संयुक्त तत्वाधान में दिनांक १८ अप्रैल २०२१ से चल रहे स्वास्थ्य शिविर का भव्य समापन दिनांक ०८ मई २०२१ को हुआ। २१ दिवसीय प्रेरणाप्रद व्याख्यान माला के समापन सत्र की मुख्य अतिथि श्रीमती अदिति श्रीवास्तव, वरिष्ठ भावातीत ध्यान शिक्षक एवं सलाहकार, साइंस आफ कान्ससनेस, महर्षि सूचना प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, लखनऊ ने समापन सत्र को संबोधित करते हुए कहा कि भावातीत ध्यान कोविड की इस वैश्विक चुनौती में अत्यंत मददगार है एवं प्रतिभागियों को नियमित रूप से भावातीत ध्यान सुबह-शाम करने हेतु प्रेरित किया।

    समापन सत्र की विशिष्ट अतिथि एवं मुख्य वक्ता कामना गौड, भावातीत ध्यान शिक्षक, नोएडा ने सायंकालीन सत्र में "योग, ध्यान एवं वैदिक मंत्रोंचारण का कोविड की वैश्विक चुनौती में महत्व" विषय पर बहुत ही प्रभावशाली एवं रोचक ढंग से अपना प्रस्तुतीकरण किया, कामना गौड ने "भावातीत ध्यान" तकनीकि के विभिन्न पहलुओं को वैज्ञानिक एवं नवीनतम अन्तर्राष्ट्रीय शोध का संदर्भ देते हुए बताया कि किस प्रकार भावातीत ध्यान किसी भी आयु वर्ग के व्यक्ति के सर्वीगींण विकास में किस प्रकार सहायक है। विषय के प्रस्तुतीकरण के बाद प्रतिभागियों द्वारा खूब प्रश्न भी पूछा गया जो प्रतिभागियों के जिज्ञासा एवं उत्सुकता को दर्शा रहा था।

    विशिष्ट अतिथि कामना गौर ने सभी प्रतिभागियों की जिज्ञासा को शांत किया। २१ दिवसीय शिविर के समापन सत्र की अध्यक्षता कर रहे डॉ अंशुमाली शर्मा, विशेष कार्याधिकारी एवं राज्य सम्पर्क अधिकारी, राष्ट्रीय सेवा योजना प्रकोष्ठ, उच्च शिक्षा विभाग, उत्तर प्रदेश शासन ने २१ दिवसीय प्रेरणाप्रद व्याख्यान श्रृंखला के इस कोरोना के दौर में समाज के लिए अति सामयिक एवं अति उपयोगी बताया एवं आयोजकों को इस प्रकार के कार्यक्रम भविष्य में पुनः कराने हेतु प्रेरित भी किया। शिविर के सफल संचालन पर डॉ मनोरमा सिंह, क्षेत्रीय निदेशक, क्षेत्रीय केंद्र, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय, लखनऊ, प्रो. भानू प्रताप सिंह, कुलपति, महर्षि सूचना प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, लखनऊ एवं प्रो. अखण्ड प्रताप सिंह, कुलसचिव, महर्षि सूचना प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, लखनऊ ने आयोजकों को इस उत्कृष्ट कार्य हेतु बधाई एवं सभी प्रतिभागियों के स्वस्थ जीवन की शुभकामनाएं भी प्रेषित की। डॉ राकेश द्विवेदी, कार्यक्रम समन्वयक, लखनऊ विश्वविद्यालय, लखनऊ ने बेबिनार के आयोजकों को अपनी शुभकामनाएं दी। डॉ कीर्ति विक्रम सिंह, सहायक क्षेत्रीय निदेशक, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय, क्षेत्रीय केंद्र, लखनऊ ने समापन सत्र में २१ दिवसीय सभी वक्ताओं का हृदय से आभार व्यक्त किया एवं जानकारी देते हुए बताया कि लगभग ४० से ज्यादा राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर के मोटीवेशनल स्पीकर ने इस मंच पर अपनी बातों को साझा किया एवं प्रतिभागियों को लाभान्वित किया।

    श्री सपन अस्थाना, संयोजक सचिव, कार्यक्रम अधिकारी, राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई एवं अधिष्ठाता (शैक्षणिक), महर्षि सूचना प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, लखनऊ ने कहा कि यह २१ दिवसीय ऑनलाइन विशेष शिविर कोरोना की जंग लड़ने में औषधि के रूप में सिद्ध होगा एवं जानकारी देते हुए बताया की इस शिविर में प्रातः एवं सायं कालीन दोनों सत्रों में लगभग २३०० से ज्यादा प्रतिभागी लाभान्वित हुए। समापन सत्र के अंत में श्रीमती दीपा श्रीवास्तव एवं श्री अंकित श्रीवास्तव, संकायाध्यक्ष, महर्षि स्कूल आफ कामर्स एंड मैनेजमेंट, महर्षि सूचना प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, लखनऊ ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर देश के जाने-माने पत्रकार श्री अमिताभ श्रीवास्तव, डॉ उपेन्द्र कुमार सिंह, डॉ सन्ध्या शर्मा, डॉ बाला लाखेन्द्रा, डॉ भावना शर्मा, श्री अरविन्द सक्सेना, पदमा सिंह, सुगत शुक्ला,तरुन प्रताप सिंह, डॉ नीलम गौड, दिवाकर समर सहित उत्तर प्रदेश के विभिन्न विश्वविद्यालय के राष्ट्रीय सेवा योजना के कार्यक्रम समन्वयक, कार्यक्रम अधिकारी, स्वयंसेवक सहित लगभग १८० प्रतिभागी उपस्थित थे। इसी के साथ स्मरणीय २१ दिवसीय ऑनलाइन स्वास्थ्य एवं प्रेरणाप्रद व्याख्यान शिविर सम्पन्न हुआ।