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    राजस्‍थान में 10 मई से 24 मई तक पूर्ण लॉकडाउन, 31 तक शादी समारोह पर रोक

    2021-05-07

    जयपुर: राजस्‍थान में कोरोना संक्रमण की चेन तोड़ने के लिए पूर्ण लॉकडाउन की घोषणा कर दी गई है राजस्‍थान में बढ़ते कोरोना संक्रमण की चेन को तोड़ने के लिए अब सरकार सख्त कदम उठाने जा रही है. इसी के बड़ा फैसला करते हुए गहलोत सरकार ने राज्य में पूर्ण लॉकडाउन की घोषणा कर दी है. जानकारी के अनुसार 10 मई सुबह 5 बजे से 24 मई तक राज्य में कंप्लीट लॉकडाउन रहेगा. वहीं शादी समाराह पर 31 मई तक पूरी तरह से रोक रहेगी. गृह विभाग ने देर रात इसको लेकर गाइडलाइंस भी जारी कर दी हैं.

    शादी में न डीजे, न बरात

    नई गाइडलाइंस के अनुसार शादी के संबंध में किसी भी तरह के समारोह, डीजे, बारात निकासी या प्रीतिभोज की अनुमति नहीं होगी.

    शादी घर पर या फिर कोर्ट मैरिज के तौर पर करने की अनुमति होगी.

    इसमें भी 11 लोगों ही उपस्थित हो सकेंगे. वहीं शादी की सूचना डीओआईटी की ओर से बनाए गए पोर्टल पर देनी होगी. शादी के लिए टैंट हाउस एवं हलवाई से संबंधित किसी भी प्रकार के सामान की होम डिलीवरी की भी अनुमति नहीं होगी. इसके साथ ही किसी भी प्रकार के सामूहिक भोज की भी अनुमति नहीं होगी. वहीं लॉकडाउन के दौश्रान राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना एवं अन्य ग्रामीण विकास योजनाओं में काम करने वाले श्रमिकों को कोरोना गाइडलाइंस और सोशल डिस्टेंसिंग के साथ काम करने की अनुमति होगी.

    बंद रहेंगे धार्मिक स्‍थल

     लॉकडाउन के दौरान राज्य में सभी धार्मिक स्‍थल बंद रहेंगे. सरकार ने आम लोगों से अपील की है कि वे पूजा अर्चना और इबादत अपने घरों पर रहकर ही करें. इस दौरान सभी सार्वजनिक परिवहन जैसे बस, टैंपो, जीप पूरी तरह से बंद रहेंगे. हालांकि इस दौरान मेडिकल सेवाओं के लिए वाहनों को पूरी छूट होगी. राज्य के अंदर एक जिले से दूसरे जिले जाने और राज्य से बाहर जाने वाले आवश्यक माल का परिवहन करने वाले वाहनों को छूट होगी. राज्य के बाहर से आने वालों को 72 घंटे पहले की कोरोना नेगेटिव RTPCR रिपोर्ट अनिवार्य होगी. वहीं श्रमिकों के पलायन को रोकने के लिए उद्योग चलेंगे. निर्माण सामग्री की दुकानें बंद रहेंगी और फोन पर ऑर्डर लिए जा सकेंगे.

    सुबह 6 बजे से 11 बजे तक दूध की डेयरी और किराने की दुकानें खुलेंगी.* *कोरोना मरीज का अटेंडेंट भी होगा क्वारंटाइन

    इसके साथ ही सराकर ने कहा है कि यदि संभव हो तो अस्पताल में भर्ती कोरोना मरीज के साथ कोई भी अटेंडेंट नहीं जाए, और जरूरी होने पर एक ही व्यक्ति को इसकी इजाजत दी जाए. इसके लिए अस्पताल की ओर से पास इश्यू किया जाए. वहीं बड़ी बात ये है कि अब अटेंडेंट को भी 15 दिन के लिए अपने परिवार से आइसोलेट होकर होम क्वारंटाइन में रहना जरूरी होगा.